"नारी सम्मान पर अभिव्यक्ति"
*अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर*
*मेरा सम्मान एक दिन...!?*
केवल एक दिन मुझे एन दीजिए सम्मान,
मेरे सौन्दर्य, मेरा त्याग समर्पण,
मेरी सहनशक्ति मेरा आत्मविश्वास ।
मेरा साहस मेरी आस्था मेरी ईमानदारी और मेरा विश्वास।
मेरी सृजनशीलता, मेरा मातृत्व।
क्षमा दान दया मेरा समर्पण,
मेरा आत्मसम्मान और मेरे सर्वस्व समर्पण के गुणों के साथ स्वीकार कीजिए मुझे।
मुझे दीजिए सदा सम्मान।
मेरा सम्मान का एक दिन न दीजिए मुझे,
दीजिए मेरा अधिकार मुझे।
रोज दीजिए मान मुझे।
बस इतना चाहिए सम्मान मुझे।
दीजिए मेरा अधिकार मुझे।
स्वरचित ✒️©®cma.
डॉ सीमा अवस्थी 'मिनी'
भाटापारा छत्तीसगढ़।